वाराणसी। नगर निगम की ओर से शहर के जलस्रोतों के कायाकल्प और उन्हें पुनर्जीवित करने का अभियान जारी है। इसी क्रम में शनिवार को नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने भिखारीपुर तालाब परिसर, चितईपुर से अखरी बाईपास और विश्वकर्मा नगर क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने जलभराव की समस्या के त्वरित समाधान, तालाब के सौंदर्यीकरण और मुख्य मार्गों व नालों पर किए गए अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने भिखारीपुर तालाब परिसर में सुबह-शाम टहलने आने वाले लोगों की सुविधा को देखते हुए ओपन जिम स्थापित करने का निर्देश दिया। तालाब के मुख्य द्वार के जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण के लिए प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया। पुलिस चौकी की ओर से आने वाले पानी के तालाब परिसर में पहुंचकर जलभराव करने की समस्या को देखते हुए बैरिकेडिंग दीवार बनाने के निर्देश भी दिए गए।
तालाब परिसर में रात के समय प्रकाश व्यवस्था बेहतर करने के लिए हाईमास्ट लाइट और आवश्यकता के अनुसार छोटी लाइटें लगाने का प्रस्ताव मांगा गया है। वहीं परिसर के बाहर ठेले-खोमचे वालों द्वारा किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।
क्षेत्र में जल निकासी की खराब व्यवस्था का संज्ञान लेते हुए नगर आयुक्त ने चितईपुर मुख्य मार्ग पर इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप के पास कच्ची नाली की खुदाई कराकर तत्काल जल निकासी व्यवस्था सुचारू करने के निर्देश दिए।
वहीं विश्वकर्मा नगर में जलभराव की गंभीर स्थिति को देखते हुए पंप लगाकर पानी को मुख्य मार्ग के नाले में निकालने के आदेश दिए गए, ताकि स्थानीय लोगों को जलभराव से राहत मिल सके।
भिखारीपुर से अखरी बाईपास तक नाले पर दुकानों को आगे बढ़ाकर किए गए अवैध कब्जे और नाले के ऊपर लगाए गए विज्ञापन होर्डिंग को लेकर नगर आयुक्त ने सख्त रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि नाले पर अतिक्रमण से पानी का बहाव बाधित हो रहा है और यातायात भी प्रभावित होता है।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को ऐसे स्थानों को चिन्हित कर विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। अवैध कब्जों को हटाकर नाले को अतिक्रमण मुक्त कराने के साथ संबंधित लोगों को नोटिस जारी करने और जुर्माना लगाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
निरीक्षण के दौरान पूर्व पार्षद विनीत सिंह, मुख्य अभियंता सुरेश चंद्र, जलकल के महाप्रबंधक अनूप सिंह, अवर अभियंता पंकज पटेल, विनयानंद द्विवेदी सहित नगर निगम के संबंधित अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।