समारोह के दौरान अधिकारियों एवं कार्मिकों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता की रक्षा के साथ अपने कर्तव्यों और दायित्वों का पूर्ण निष्ठा, समर्पण और तत्परता से निर्वहन करने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर स्वतंत्रता संग्राम के वीर सेनानियों और राष्ट्र की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर शहीदों को श्रद्धापूर्वक नमन किया गया।
समारोह में कमांडिंग ऑफिसर अनूप सिंह बिष्ट ने आपदा प्रबंधन तथा राहत एवं बचाव कार्यों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले बहादुर बचावकर्मियों के साहस, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना की। उत्कृष्ट कार्य के लिए चयनित कार्मिकों को महानिदेशक, एनडीआरएफ द्वारा प्रदान किए गए डिस्क एवं प्रशस्ति-पत्र से सम्मानित किया गया।
अपने संबोधन में कमांडिंग ऑफिसर ने सभी अधिकारियों और कार्मिकों से आपदा की विषम परिस्थितियों में भी एनडीआरएफ के ध्येय वाक्य “आपदा सेवा सदैव सर्वत्र” के अनुरूप पूरी तत्परता, साहस और समर्पण के साथ जनसेवा में जुटे रहने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि आपदा की स्थिति में आमजन के जीवन और संपत्ति की रक्षा करना सर्वोच्च प्राथमिकता है। समारोह में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कार्मिकों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए किसी भी आपदा की स्थिति में जरूरतमंदों की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहने का संकल्प दोहराया।