की अध्यक्षता में शुक्रवार को पुलिस आयुक्त कार्यालय में सैनिक सम्मेलन एवं मासिक अपराध समीक्षा गोष्ठी आयोजित की गई। बैठक में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, जनसुनवाई, विवेचना और पुलिस कार्यप्रणाली की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान खराब प्रदर्शन और लापरवाही पर सख्त रुख अपनाते हुए SOG-02 को भंग कर उसके सभी कर्मियों को पुलिस लाइन से संबद्ध कर दिया गया। साथ ही कई थाना प्रभारियों और पुलिस अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया।
पुलिस कमिश्नर ने स्पष्ट कहा कि अब वही अधिकारी थानाध्यक्ष पद पर बने रहेंगे जो अपराध नियंत्रण, गुणवत्तापूर्ण विवेचना और जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण में बेहतर प्रदर्शन करेंगे। निष्क्रियता और लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक के दौरान कई पुलिस अधिकारियों के तबादले भी किए गए। गोपाल जी कुशवाहा को साइबर क्राइम थाना से मिर्जामुराद का प्रभारी निरीक्षक बनाया गया। शिवाकांत मिश्रा को कैंट से सिगरा और संजय कुमार मिश्र को सिगरा से रामनगर भेजा गया। वहीं राजकिशोर पाण्डेय को रामनगर से कैंट थाने की जिम्मेदारी सौंपी गई। प्रमोद कुमार पाण्डेय को मिर्जामुराद से पुलिस लाइन संबद्ध किया गया।
गोष्ठी में नए भर्ती आरक्षियों को सोशल मीडिया पॉलिसी, सीसीटीएनएस, थाना अभिलेखों, बीट ड्यूटी और जनसंपर्क से जुड़े कार्यों का व्यवहारिक प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए गए। सभी थानाध्यक्षों को प्रतिदिन इनडोर और आउटडोर प्रशिक्षण सुनिश्चित कराने को कहा गया।
पुलिस कमिश्नर ने साइबर अपराध, गोतस्करी, चोरी, धोखाधड़ी, एनडीपीएस और महिला संबंधी अपराधों में जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने के निर्देश दिए। गंभीर मामलों में समयबद्ध विवेचना कर चार्जशीट न्यायालय भेजने पर जोर दिया गया।
वाराणसी में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए RTC Scheme और Zero Fatality District अभियान के तहत विशेष निगरानी के निर्देश दिए गए। तीन सवारी, बिना नंबर प्लेट, रांग साइड और अन्य यातायात नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई करने को कहा गया।
बैठक में सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया गया कि जनप्रतिनिधियों के फोन कॉल प्राथमिकता पर रिसीव किए जाएं। यदि किसी कारणवश कॉल रिसीव न हो सके तो तत्काल कॉल बैक कर सकारात्मक व्यवहार के साथ समस्या सुनी जाए। साथ ही IGRS शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में अपर पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं मुख्यालय शिवहरी मीणा, अपर पुलिस आयुक्त अपराध आलोक प्रियदर्शी सहित पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी और थाना प्रभारी मौजूद रहे।