वाराणसी, 17 अप्रैल। चौकाघाट स्थित गिरजादेवी सांस्कृतिक संकुल में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण बिल) को लेकर विपक्ष पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष को इस महत्वपूर्ण विधेयक को सर्वसम्मति से पारित कराना चाहिए, अन्यथा देश की महिलाएं स्वयं न्याय करेंगी। उन्होंने इसे धमकी नहीं बल्कि “विनम्र आग्रह” बताया।
प्रेस वार्ता में उन्होंने समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के हालिया बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि “यदि अखिलेश यादव में दम है तो वे अपनी पारंपरिक सीट छोड़कर कहीं और से चुनाव जीतकर दिखाएं।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि “हमने तो कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष को उनके गढ़ में हराकर दिखाया है।”
स्मृति ईरानी ने महिला आरक्षण बिल के विरोध को लेकर अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि संविधान में धर्म के आधार पर आरक्षण का कोई प्रावधान नहीं है, और इस तथ्य से सभी को अवगत होना चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत की महिलाओं के सम्मान के इस मुद्दे पर सभी राजनीतिक दलों को एकजुट होकर समर्थन करना चाहिए।
उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि “नारी सम्मान में खलल डालने वालों को देश कभी माफ नहीं करेगा।”
इस अवसर पर कार्यक्रम में डॉ. नीरजा माधव, मृदुला जायसवाल, साधना वेदांती, रचना अग्रवाल, पूनम मौर्या, डॉ. आनंद प्रभा, अपराजिता सोनकर, मीना चौबे, रिचा सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष दिलीप पटेल, महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि, अशोक पांडेय और प्रमील पांडेय सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।