मछुआ समाज को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए लगातार काम-संजय निषाद
वाराणसी दौरे पर मत्स्य मंत्री संजय निषाद ने बताया कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत 1 लाख से अधिक लोगों को स्वरोजगार मिला, चंदौली में एशिया की सबसे बड़ी मछली मंडी स्थापित।
वाराणसी, 09 अप्रैल 2026: संजय कुमार निषाद ने कहा कि प्रदेश में मछुआ समाज को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है। वाराणसी दौरे के दौरान सर्किट हाउस सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने बताया कि केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से मछुआ समुदाय के उत्थान पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मंत्री ने कहा कि नरेंद्र मोदी की मंशा और योगी आदित्यनाथ के निर्देशन में प्रदेश में योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत 1 लाख से अधिक मछुआ समाज के लोगों को सब्सिडी देकर स्वरोजगार से जोड़ा गया है।
इसके अलावा मंत्री ने बताया कि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से मछुआ समुदाय को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जा रही है। इनमें प्रधानमंत्री मछुआ दुर्घटना बीमा योजना, किसान क्रेडिट कार्ड, मुख्यमंत्री मत्स्य संपदा योजना, निषादराज बोट योजना और माता सुकेता केज कल्चर योजना शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि इन योजनाओं के तहत मछुआ समाज के लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य, चिकित्सा, दैवीय आपदा और विवाह के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही एरेशन सिस्टम और मत्स्य पालक कल्याण कोष के माध्यम से भी सहायता दी जा रही है।
मंत्री ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत चंदौली में एशिया की सबसे बड़ी इंटीग्रेटेड मछली मंडी स्थापित की गई है, जिससे क्षेत्र में मत्स्य व्यवसाय को नई गति मिलेगी और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य मछुआ समाज को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त करना है, ताकि वे विकास की मुख्यधारा में सशक्त भागीदारी निभा सकें।