चंदौली जिले के ब्लॉक सकलडीहा, पिपरी गांव में ग्रामीणों ने एक कोटेदार पर प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत निर्धारित मात्रा से कम राशन देने का गंभीर आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने इस संबंध में जिलाधिकारी (डीएम) चंद्र मोहन गर्ग को एक ज्ञापन सौंपा और तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों का आरोप है कि कोटेदार शिवमूरत गुप्ता लाभार्थियों से अंगूठे का निशान लेने के बाद भी हफ्तों तक राशन देने में देरी करता है। इसके अलावा, वह प्रत्येक व्यक्ति को निर्धारित मात्रा से 1 किलोग्राम कम राशन देता है।
विरोध करने या पूछताछ करने पर कोटेदार और उसका बेटा गाली-गलौज और मारपीट पर उतारू हो जाते हैं। ग्रामीणों का दावा है कि कोटेदार ने यह भी कहा कि 1 किलोग्राम राशन इसलिए कम दिया जाता है क्योंकि फूड इंस्पेक्टर को 'घूस' देनी पड़ती है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कोटेदार द्वारा हर महीने लगभग 50 हजार रुपये का घोटाला किया जा रहा है। उन्होंने फूड इंस्पेक्टर की भूमिका की भी जांच कराने की मांग की है।
इस पूरे मामले को लेकर ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को एक पत्र सौंपकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया है कि मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
ज्ञापन सौंपते समय राकेश तिवारी, विकास, संतोष, वेदप्रकाश, सौरभ, मटरू, दीपक तिवारी, पंकज सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।