वाराणसी, । सनबीम कॉलेज फॉर विमेन, भगवानपुर में “सतत व्यावसायिक मॉडल: लाभ, उद्देश्य एवं पर्यावरण के बीच सेतु” विषय पर एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का भव्य एवं सफल आयोजन किया गया। यह सम्मेलन इंडियन अकाउंटिंग एसोसिएशन, मिर्ज़ापुर चैप्टर तथा कोलकाता बिधाननगर सोसाइटी फॉर एकेडमिक एडवांसमेंट, पश्चिम बंगाल, भारत के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में सनबीम ग्रुप ऑफ एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस के चेयरपर्सन डॉ. दीपक माधोक, वाइस-चेयरपर्सन श्रीमती भारती माधोक, सहायक निदेशक सुश्री प्रतिमा गुप्ता तथा सनबीम कॉलेज फॉर विमेन के रजिस्ट्रार संदीप मुखर्जी की गरिमामयी उपस्थिति रही। सभी गणमान्य अतिथियों ने अपने संबोधन में सतत विकास, उत्तरदायी व्यवसाय एवं पर्यावरण संरक्षण के साथ लाभ संतुलन पर महत्वपूर्ण विचार साझा किए और प्रतिभागियों को प्रेरित किया।
सम्मेलन में मुख्य वक्ताओं के रूप में प्रो.जे.के.जैन ( हेड एवं डीन, सागर विश्वविद्यालय, मध्य प्रदेश ), प्रो. एच. के. सिंह ( हेड एवं डीन, वाणिज्य संकाय, काशी हिन्दू विश्वविद्यालय ) तथा प्रो. के. के. अग्रवाल ( पूर्व हेड एवं डीन, वाणिज्य संकाय, महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ ) की विशेष उपस्थिति रही । उनके विचारोत्तेजक व्याख्यानों ने अकादमिक जगत एवं उद्योग के बीच सेतु स्थापित करने पर बल दिया। सम्मेलन का समन्वय डॉ. अमित कुमार ( एसोसिएट प्रोफेसर ) द्वारा किया गया । सह-समन्वयक के रूप में डॉ. रुचि सेन ( एसोसिएट प्रोफेसर ), संयोजक डॉ. पेमा लामा ( एसोसिएट प्रोफेसर, यूनिवर्सिटी ऑफ कलकत्ता ) तथा संयुक्त संयोजक डॉ. नीलंजन रे ( एसोसिएट प्रोफेसर, जेआईएस यूनिवर्सिटी, कोलकाता ) ने सक्रिय भूमिका निभाई। कार्यक्रम का आभार ज्ञापन सम्मेलन निदेशक डॉ.सौरभ सेन, प्राचार्य, सनबीम कॉलेज फॉर विमेन द्वारा किया गया। सम्मेलन के सफल आयोजन में सुश्री सरिता राव, प्रशासनिक प्रमुख का महत्वपूर्ण योगदान रहा ।
यह अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन अकादमिक उत्कृष्टता, सतत विकास एवं सामाजिक उत्तरदायित्व के प्रति संस्थान की सशक्त प्रतिबद्धता को दर्शाता है।