हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा आयोजित ‘वैश्विक हिन्दू राष्ट्र महोत्सव’ अर्थात द्वादश ‘अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन’ इस वर्ष 24 से 30 जून 2024 तक, श्री विद्याधिराज सभागृह, रामनाथ देवस्थान, बांदोडा, फोंडा, गोवा में आयोजित किया गया है। इससे पूर्व हुए हिन्दू अधिवेशनों को आपके द्वारा दी गई प्रसिद्धी के कारण यह विषय समाज तक पहुंचा। आज तक हुए 11 हिन्दू अधिवेशनों को प्रति वर्ष मिलनेवाला प्रतिसाद बढ़ता ही जा रहा है। इन अधिवेशनों के कारण 25 राज्यों से 1000 से भी अधिक हिन्दू संगठन संगठित हुए हैं।
इन अधिवेशनों की विशेषता यह है कि नेपाल, श्रीलंका, मलेशिया, बांगलादेश एवं अन्य देशों से भी संत, हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों के प्रतिनिधि, विचारक आदि इनमें सम्मिलित हुए हैं। भारत आज तीसरे क्रमांक की आर्थिक महासत्ता होने की दृष्टि से अग्रसर है। ऐसा होते हुए भी जगत में हिन्दुओं पर हो रहे अत्याचार कम न होते हुए उनमें वृद्धि ही हो रही है। हिन्दू धर्म को ‘डेंग्यू, मलेरिया’, जैसे रोगों की उपमा देकर उसे समाप्त करने की भाषा की जा रही है। प्रति वर्ष लाखों हिन्दुओं को धोखा देकर धर्मांतर किया जा रहा है। कभी कलास्वतंत्रता के नाम पर फिल्म, धारावाहिक आदि के माध्यमों से हिन्दुओं के देवताओं का अनादर किया जाता है, तो दूसरी ओर भारतीय अर्थव्यवस्था को खोखला करने के लिए ‘हलाल अर्थव्यवस्था’ खडी कर हिन्दुओं को हलाल खाद्यपदार्थ लेने के लिए बाध्य किया जाता है। भारतविरोधी आंदोलन कैनडा सहित अनेक देशों में अपना फन उठा रहा है और हिन्दुओं के मंदिरों पर जानबूझकर आक्रमण किए जा रहे हैं। ऐसी सभी समस्याओं पर ‘हिन्दू राष्ट्र की स्थापना’, ही एकमेव उपाय है।
तब भी संवैधानिकदृष्टि से ‘भारत हिन्दू राष्ट्र हो’ इसके लिए व्यापक प्रयत्नों की दिशा निर्धारित करना, सनातन धर्म की सुरक्षा के लिए वैचारिक स्तर पर प्रयत्न करना, मंदिरों की सुरक्षा की दृष्टि से उपाययोजना करना, मंदिर सरकार के नियंत्रण से मुक्त होने हेतु संगठन बढाना, ‘जिहादी आतंकवाद’ एवं ‘गजवा-ए-हिंद’ जैसे भारतविरोधी संकटों का सामना करने के लिए व्यापक जनजागृति करना, यह इस अधिवेशन का स्वरूप होगा। यह कार्य समाज तक पहुंचना महत्त्वपूर्ण है। यह केवल आपके सहयोग से ही हो सकेगा। आपसे अनुरोध है कि इस ‘वैश्विक हिन्दू राष्ट्र महोत्सव’ अर्थात द्वादश ‘अखिल भारतीय हिन्दू राष्ट्र अधिवेशन’ के प्रसिद्धीपत्रक, लेख एवं वीडियो बाईट को व्यापक प्रसिद्धी दें।