वाराणसी। वाराणसी विकास प्राधिकरण (VDA) द्वारा कल्लीपुर क्षेत्र में विकसित की जा रही अपनी पहली समेकित गेटेड सिटी ‘आनंद काशी आवासीय योजना (फेज-1)’ का विकास कार्य विभिन्न चरणों में आगे बढ़ रहा है। करीब 4,56,398.69 वर्गमीटर क्षेत्रफल में विकसित की जा रही इस महत्वाकांक्षी योजना में आधुनिक आधारभूत सुविधाओं के साथ सुव्यवस्थित और पर्यावरण-अनुकूल नगरीय विकास की अवधारणा को साकार किया जा रहा है।
योजना के पहले चरण में कुल 1,004 आवासीय प्लॉट विकसित किए जाएंगे। इसके अलावा तीन ग्रुप हाउसिंग भूखंड, 108 व्यावसायिक भूखंड, एक शैक्षणिक भूखंड, एक हेल्थकेयर भूखंड, एक कम्युनिटी सेंटर और दो यूटिलिटी भूखंड भी प्रस्तावित हैं। योजना में 18 हरित क्षेत्र भी विकसित किए जाएंगे।
आवासीय भूखंडों को 72, 162, 200 और 288 वर्गमीटर की चार श्रेणियों में विकसित किया जा रहा है।
आनंद काशी में बेहतर आवागमन के लिए 24, 18, 12 और 9 मीटर चौड़ी सड़कों का विकास किया जा रहा है। इसके साथ ही जलापूर्ति, सीवरेज, विद्युत व्यवस्था, वर्षा जल निकासी और अन्य आधुनिक सुविधाओं का विकास भी विभिन्न चरणों में जारी है।
टाउनशिप में करीब 2 हेक्टेयर यानी 4.94 एकड़ क्षेत्रफल में केंद्रीय पार्क विकसित किया जा रहा है। पार्क के केंद्र में भव्य नटराज प्रतिमा और जल फव्वारे से सुसज्जित केंद्रीय प्लाजा बनाया जाएगा।
इसके अलावा ओपन लॉन, एम्फीथिएटर, चिल्ड्रन प्ले एरिया, मेडिटेशन गार्डन, सीनियर सिटीजन जोन, फ्लावर गार्डन, जॉगिंग ट्रैक और पैदल पथ जैसी सुविधाएं भी होंगी।
केंद्रीय पार्क के आसपास पैदल-अनुकूल मार्केट प्लाजा और व्यावसायिक सुविधाएं विकसित करने का प्रस्ताव है। टाउनशिप को बेहतर तरीके से जोड़ने के लिए चार प्रमुख पैदल प्रवेश द्वार भी प्रस्तावित किए गए हैं।
पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए योजना की बाउंड्री के समीप करीब 3.71 एकड़ क्षेत्रफल में मियावाकी पद्धति से सघन वन विकसित किया जाएगा। योजना के कुल क्षेत्रफल का न्यूनतम 15 प्रतिशत हिस्सा हरित क्षेत्र के रूप में विकसित किया जा रहा है।
काशी की सांस्कृतिक एवं वैदिक विरासत की अवधारणा को ध्यान में रखते हुए योजना में आधुनिक विकास के साथ हरित और प्राकृतिक वातावरण पर भी जोर दिया गया है।
वाराणसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष पुर्ण बोरा ने बताया कि आनंद काशी आवासीय योजना प्राधिकरण की महत्वाकांक्षी परियोजना है। इसे आधुनिक नगरीय सुविधाओं, सुव्यवस्थित आवासीय विकास और पर्यावरणीय संतुलन को ध्यान में रखकर विकसित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि करीब 30 वर्षों के बाद विकसित की जा रही प्राधिकरण की पहली समेकित गेटेड सिटी के रूप में यह योजना काशी की सांस्कृतिक एवं वैदिक विरासत को आधुनिक सुविधाओं के साथ जोड़ने का प्रयास है।
योजना का रेरा पंजीकरण अंतिम चरण में है। प्राधिकरण का लक्ष्य माह के अंत तक पंजीकरण प्रक्रिया शुरू करने का है। इसके बाद योजना में भूखंडों से संबंधित आगामी प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाया जा सकेगा।
आनंद काशी को आधुनिक सुविधाओं, सुव्यवस्थित अवसंरचना, हरित परिवेश और काशी की सांस्कृतिक पहचान के समन्वय के साथ विकसित कर एक प्रमुख आवासीय गंतव्य के रूप में तैयार किया जा रहा है।