वाराणसी में 'सृजन' के अंतर्गत कजरी गायन कार्यशाला का शुभारंभ
वाराणसी, 21 जुलाई। उत्तर प्रदेश लोक एवं जनजाति संस्कृति संस्थान, लखनऊ (संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश) एवं संत अतुलानन्द कॉन्वेंट स्कूल, कोइराजपुर, वाराणसी के संयुक्त तत्वावधान में 'सृजन' कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित कजरी गायन कार्यशाला का शुभारंभ मंगलवार को हुआ।
कार्यशाला में अंतरराष्ट्रीय लोकगायक एवं प्रशिक्षक राजन तिवारी (राजकुमार तिवारी 'राजन') ने प्रतिभागियों को कजरी गायन की परंपरा, सुर, ताल, लय तथा लोक संगीत की बारीकियों का प्रशिक्षण देना प्रारंभ किया। उन्होंने कहा कि कजरी पूर्वांचल की अमूल्य सांस्कृतिक धरोहर है और इसे नई पीढ़ी तक पहुँचाना हम सभी की जिम्मेदारी है।
कार्यशाला में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं एवं लोक संगीत प्रेमियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। प्रतिभागियों ने कजरी गायन के व्यावहारिक एवं सैद्धांतिक पहलुओं को सीखने में विशेष रुचि दिखाई।
यह कार्यशाला 30 जुलाई 2029 तक प्रतिदिन प्रातः 10:00 बजे से संत अतुलानन्द कॉन्वेंट स्कूल, कोइराजपुर, वाराणसी में आयोजित की जाएगी।
आयोजकों ने बताया कि इस कार्यशाला का उद्देश्य उत्तर प्रदेश की समृद्ध लोक-संगीत परंपरा के संरक्षण, संवर्धन तथा नई पीढ़ी को लोक संस्कृति से जोड़ना है।